मां का छठा रूप कात्यायनी की पूजा से दूर होती है विवाह संबंधी अड़चन

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मां का छ्ठा रूप है कात्यायनी
महिलाओं पर करती है विशेष कृपा

अगर आप शादी के लिए अच्छा लड़का ढूढ़ रहे है लेकिन अबतक नहीं मिला या रिश्ते कई आते है किन्तु तय नहीं हो पाता…रिश्ता तय होते होते बीच में ही कोई नई समस्या आ जाती है या आप बहुत बड़ी हो चुकी है, मांगलिक दोष है.. शनि प्रभावित है .. या फिर किसी पडित जी ने कह दिया की आपकी कुंडली में ग्रहस्थ सुख की कमी है.. या आपकी शादी होकर टूट गई आप दुबारा शादी करना चाहते है और ये चिंता है की दुबारा ऐसा न हो जाये ? अगर आप बहुत से उपाय खुद कर चुके है या फिर आपके माता-पिता करवा चुके फिर भी कोई फायदा नहीं हुवा, किसी ने कहा व्रत करो, किसी ने कहा दान करो, किसी ने कहा पाठ करो, किसी ने कहा अनुष्ठान कराओ, किसी ने कहा ये रत्न पहनो, किसी ने कहा ये जन्तर पहनो, किसी ने कहा ये करो किसी ने कहा वो करो और आप सब कुछ करके थक चुके है । ऐसा भी हो की आपने अबतक इन चक्करों में काफी पैसा धन देकर अपने आप को ठगा चुके है और अब आपका विश्वाश भी ख़त्म होता जा रहा है तो अब करे ये उपाय और रखे विश्वास । इस बार आपकी इच्छा होगी पूरी, न केवल जल्दी होगी शादी,मिलेगा अच्छा जीवन साथी भी ।

माता कात्यायनी की पूजा करे

नवरात्रा के प्रथम दिन से शादी के योग्य लड़कियां ये स्वयं करे या माता पिता अपनी बेटी से ये करावे । नहा धोकर शुद्ध होकर नए कपडे पहने जो अपनी कुंडली के सप्तम हॉउस यानि पति घर के मालिक ग्रह के अनुसार रंग वाला हो साथ में पिला कपडा जरुर हो सिर पे चुनरी होना जरुरी है । तत्पश्चात सामान्य पूजा की तयारी करे और माता कात्यायनी की पूजा करे जिसमे गुलाब फुल,केशर,गुलाब जल,गुलकंद, मिश्री, चुनरी, सुहाग की यथा सामर्थ्य सामग्री, धुप, दीप, श्रीफल जरुर हो । ये सामग्री लेकर माता का सर्वप्रथम ध्यान कर फिर पूजन करे ।

चन्द्रहासोज्जवलकरा शाईलवरवाहना।
कात्यायनी शुभं दद्याद्देवी दानवघातिनी।।
या देवी सर्वभूतेषु माँ कात्यायनी रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:।।

खासकर ये मन्त्र नवरात्रा में कम से कम १०८ बार प्रतिदिन करे —(श्रीमदभागवत पुराण में आया है की कृष्ण जैसा जिसको पति चाहिए वो ये करे ) और श्री कृष्ण प्यार और प्रेम के प्रतीक और १६ कलावो से परिपूर्ण है ।

ॐ कात्यायनी महामाये महा योगिन्य धिश्वरी
नन्द गोपसुतं देवी पतीमें कुरुते नम:

आप इस बार किसी चक्कर में न पड़कर ये विश्वाश के साथ करे और हा इसके साथ स्वयं केशर का तिलक भी प्रति दिन जरुर लगाये, हो सकता है माता की कृपा इस बार आप पे हो जाये और हा पूजा के बाद भैरू बाबा के लड्डू जरुर चढ़ाये ।

प्रहलाद ओझा भैरू (9460502573)

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